संवाददाता दिव्यांग सोनी की रिपोर्ट

बिलासपुर। राजधानी दिल्ली में आयोजित एआई समिट के दौरान विरोध प्रदर्शन के बाद उदय भानु चीफ की गिरफ्तारी ने सियासी तापमान बढ़ा दिया है। उन्हें चार दिन की पुलिस रिमांड पर रखे जाने की खबर के बाद देशभर में युवा कांग्रेस कार्यकर्ताओं में आक्रोश देखा जा रहा है। इसी कड़ी में बिलासपुर जिले के बेलतरा विधानसभा क्षेत्र के राजकिशोर नगर में युवा कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने पुतला दहन कर गिरफ्तारी का विरोध जताया और तत्काल रिहाई की मांग की।

‘लोकतांत्रिक आवाज दबाने की कोशिश’
प्रदर्शनकारियों का कहना है कि एआई समिट के दौरान किया गया विरोध लोकतांत्रिक अधिकार के तहत था, लेकिन सरकार ने उसे दबाने के लिए गिरफ्तारी की कार्रवाई की। उनका आरोप है कि यह कदम अभिव्यक्ति की आजादी पर सीधा हमला है। युवा कांग्रेस नेताओं ने कहा कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन के बावजूद राष्ट्रीय अध्यक्ष को हिरासत में लेकर चार दिन की रिमांड पर रखना राजनीतिक दुर्भावना को दर्शाता है। बेलतरा में जुटे कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर की नारेबाजी। इस दौरान पुतला दहन कर आक्रोश व्यक्त किया गया। प्रदर्शनकारियों ने चेतावनी दी कि फिलहाल विरोध शांतिपूर्ण है, लेकिन यदि उदय भानु चीफ को जल्द रिहा नहीं किया गया तो आंदोलन को उग्र रूप दिया जाएगा।

कार्यकर्ताओं ने कहा कि यह केवल एक नेता की गिरफ्तारी का मामला नहीं है, बल्कि लोकतंत्र और अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता का सवाल है। अजय यादव अध्यक्ष, युवा कांग्रेस बेलतरा विधानसभा ने कहा कि राष्ट्रीय अध्यक्ष की गिरफ्तारी पूरी तरह से अलोकतांत्रिक है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार विपक्ष की आवाज को दबाने के लिए दमनकारी रवैया अपना रही है। यदि जल्द रिहाई नहीं हुई तो प्रदेश स्तर पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। विक्की यादव अध्यक्ष, एनएसयूआई बेलतरा ने कहा कि छात्र और युवा इस कार्रवाई से आहत हैं। लोकतंत्र में विरोध दर्ज कराना अपराध नहीं हो सकता। उन्होंने स्पष्ट किया कि आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा। गौरतलब है कि दिल्ली में आयोजित एआई समिट के दौरान हुए विरोध प्रदर्शन के बाद की गई गिरफ्तारी ने राजनीतिक बहस को तेज कर दिया है। देशभर में युवा कांग्रेस इकाइयों द्वारा विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। बिलासपुर के बेलतरा में हुआ यह प्रदर्शन उसी श्रृंखला का हिस्सा है। फिलहाल जिले में राजनीतिक माहौल गरमाया हुआ है और कार्यकर्ताओं ने साफ कर दिया है कि मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन और तेज होगा।

20 फरवरी को युवा कॉंग्रेस के विरोध प्रदर्शन से पहले ही केंद्र सरकार इस सामिट का देश विदेश में किरकिरी करा चुकी थी,चाहे वो गलगोटियास यूनिवर्सिटी द्वारा चायनीज रोबोट की प्रदर्शन वाली बात पर या बिल गेट्स की स्पीच कैंसल होने वाली बातों से या वहां की आयोजन में हो रही अव्यवस्थाओं के कारण…..
इन सबके अलावा प्रधानमंत्री का नाम एपिस्टीन फाइल में आने से,अमेरिका के सामने नातमस्तक होने से देश की छवि खराब होती है,जिससे आपके देश के किसानों का और देश के अन्य सेक्टरों में जो नुकशान होगा इसकी चिंता न करके अपने मित्र के फायदे के लिए जो डील हुई, देश की छवि इन से खराब होती है न की जानता के बीच इस सत्य को लाने के उद्देश्य से किए गए लोकतांत्रिक विरोध से खराब होती है! केंद्र सरकार अपनी नाकामियों को दबाने के लिए देश के मुख्य विपक्षी पार्टी के एक युवा संघटन के द्वारा सत्य का आईना दिखाने पर आप चिड़ गए और युवा कॉंग्रेस की आवाज दबाने के लिए हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष को गिरफ्तार कर लिया जो पूर्ण रूप से गैरकानूनी है…. आप ऐसा कर के हम काँग्रेस को न ही दबा सकते हैं और न डरा सकते हैं। आपके इस कायराना हरकतों को अब देश की जनता समझ चुकी है। केंद्र सरकार को हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष को रिहा करना ही होगा।

विरोध प्रदर्शन में मुख्यरूप से पार्षद दिलीप पाटिल,ब्लॉक 3 अध्यक्ष हितेश देवांगन,महासचिव विकास दुबे,ब्लॉक अध्यक्ष सूजल खरे,nsui अध्यक्ष विक्की यादव,धर्मेंद्र वैष्णव,संदीप यादव,पवन यादव,आकाश यादव,जितेंद्र माथुर,हिमांशु राय,अंकित प्रजापति,निखिल शर्मा, शुभाम जायसवाल,गोकुल वैष्णो,अक्कू,दीपेश,अमित यादव,कृष्ण,अमित रजक,मन्नू महाराज, पुष्पाराज वर्मा,नरेंद्र साहू, यशोरिया सूर्यवंशी,अभय भार्गव,छवि यादव, पीयूष सोनकर, आशीष यादव,केडि महंत,निरंजन सिंह ठाकुर,मनोज यादव एवं अन्य साथी मौजूद थे!